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संपादकीय: समानता, संविधान और आधुनिक भारत की दिशा का नाम है आम्बेडकर

खबर झारखंड डेस्क : भारत हर वर्ष 14 अप्रैल को महान चिंतक, विधिवेत्ता, समाज सुधारक और भारतीय संविधान के शिल्पकार डॉ. भीमराव रामजी आम्बेडकर...

संपादकीय: सरायकेला खरसावां जिला का स्थापना दिवस, बढ़ती उम्मीदों के बीच 25 साल का हिसाब

खबर झारखंड डेस्क : सरायकेला-खरसावां जिला ने अपने गठन के 25 वर्ष पूरे कर लिए हैं। 4 अप्रैल 2001 को अधिसूचना जारी होने के...

77वां गणतंत्र दिवस : गणतंत्र और हम

खबर झारखंड डेस्क: 26 जनवरी भारत के इतिहास का वह गौरवशाली दिन है, जब देश ने केवल राजनीतिक स्वतंत्रता ही नहीं, बल्कि संवैधानिक आत्मनिर्भरता...

तीन दिवसीय गूंज सेवा उत्सव के पहले दिन सिल्ली में कई कार्यक्रमों का हुआ आयोजन

सिल्ली (तारकेश्वर महतो)। स्व बिनोद बिहारी महतो के पुण्य तिथि पर सेवा, सम्मान एवं संस्कृति के कार्यक्रमों से भरपूर तीन दिवसीय गूंज सेवा महोत्सव...

दृढ़-इच्छाशक्ति के धनी थे बिनोद बाबू

सिल्ली(तारकेश्वर महतो)। झारखंड आंदोलन के महानायक बिनोद बिहारी महतो की पुण्यतिथि के अवसर पर गूंज महोत्सव का आयोजन किया जाता है। कौन थे बिनोद...

कुड़मी-आदिवासी विवाद नहीं, झारखंड की एकजुटता ज़रूरी है : गुलाम रब्बानी

झारखंड की पहचान उसकी विविधता, संस्कृति और संघर्ष की विरासत से है। यहाँ हर समुदाय ने अपनी मेहनत, परंपरा और बलिदान से इस मिट्टी...

भारत देश का पहला आतंकवादी नाथूराम गोडसे? 

खबर झारखंड डेस्क : भारत की सभ्यता और संस्कृति की पहचान अहिंसा, सहिष्णुता और सत्य की राह से रही है। महात्मा गांधी ने इस...

संपादकीय: गांधी के देश में गोडसे… और राम की धरती पर रावण का गुणगान

खबर झारखंड डेस्क : भारत की आत्मा अहिंसा और सत्य के उन मूल्यों से निर्मित हुई है, जिनका सबसे बड़ा प्रतीक महात्मा गांधी थे।...

संपादकीय: 22 साल का चांडिल अनुमंडल, आत्मचिंतन की आवश्यकता

आज चांडिल अनुमंडल अपनी स्थापना के 22 वर्ष पूरे कर रहा है। 31 अगस्त 2003 को इसे प्रशासनिक सुगमता और जनता की सुविधा के...

रक्षाबंधन : रिश्तों का बंधन, विश्वास का धागा

खबर झारखंड: रक्षाबंधन केवल भाई और बहन के रिश्ते का त्योहार नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति में अपनापन, विश्वास और जिम्मेदारी का प्रतीक है। यह...